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Shocking Retirement: वक़्त से पहले रिटायरमेंट ले बैठे थे ये महान खिलाड़ी।

आज हम उन खिलाड़ियों की चर्चा करेंगे जिन्होंने वक्त से पहले संन्यास ले लिया था। संन्यास लेने का कारण उनकी निरंतर चल रही खराब फॉर्म थी।

भारतीय क्रिकेट के पूर्व कप्तान विराट कोहली (Virat Kohli) के ख़राब फॉर्म की हर तरफ चर्चा चल रही है। फिर चाहे वह वनडे हो, टेस्ट हो या फिर T20 हो विराट की फॉर्म तीनो प्रारूपों में बेहद ही खराब चल रही है, मानों की उनका बल्ला खुद न चाहता हो की कोहली रन बनाएं। भले ही उन्होंने पहले ढेर सारे शतक लगाए हों मगर पिछले तीन वर्षों से उनके बल्ले से एक भी शतकीय पारी नहीं निकली है। कई लोग तो अब यह भी सुझाव देने लगे हैं की विराट को अब संन्यास लेलेना चाहिए और नए खिलाड़ियों को अवसर देना चाहिए।

चलिए अब बात कर लेते हैं उन कुछ महान खिलाड़ियों के बारे में जिन्होंने खराब फॉर्म के चलते वक़्त से पहले ही संन्यास ले लिया था।

वीरेंद्र सहवाग

क्रिकेट इतिहास में सबसे निडर खिलाड़ी वीरेंद्र सहवाग ही रहे हैं। इन्होने अपने शुरुवाती दिनों में ढेर सारे रन बनाए थे। ये टेस्ट क्रिकेट में भी छक्कों में डील करते थे। सहवाग ऐसे पहले खिलाड़ी रहे जिन्होंने भारत की तरफ से ट्रिपल सेंचुरी मारी थी। खराब फॉर्म के चलते धीरे-धीरे इनका खेल डगमगाता गया और इन्होने संन्यास लेलिया।

2011 में सहवाग ने दोहरा शतक लगाया था, उसके बाद से ही उनका फॉर्म खराब होता चला गया, फिर उनके बल्ले में वह स्पार्क नहीं रहा जिसके लिए वह जाने जाते थे और सहवाग को काफी समय तक टीम से बाहर रखा गया था और अंत में उन्होंने साल 2015 में सन्यास ले लिया।

दिलीप वेंगसारकर

मुंबई के रहने वाले बल्लेबाज दिलीप वेंगसारकर अपने ख़राब फॉर्म के चलते रिटायर होगये थे. एक समय पर उनका नाम भारत ही नहीं बल्कि पूरी दुनिया के सबसे बेहतरीन बल्लेबाजो में शुमार था. दिलीप 1988 से 1992 के दौरान बहुत ही ख़राब समय से गुजरे हालाँकि 1980 के दशक में इन्होने शानदार प्रदर्शन कर अपने नाम का लोहा मनवाया था. उनका समय ऐसा खराब शुरू हुआ की 18 टेस्ट मैचों में वो एक भी सतक नहीं लगा पाए. जिस समय वो अपने करियर की पीक में थे तब उनका औसत 42 का होता था लेकिन ख़राब समय शुरू होते ही उनका औसत गिर कर 22 पहुंच गया था और यही नहीं 1991-92 ऑस्ट्रेलिया टूर के दौरान 5 मैचों में उनका औसत 17 का रहा जिसकी वजह से ये दौरा उनके लिए करियर का खातमा करने वाला साबित हुआ.

राहुल द्रविड़

क्रिकेट की दिवार कहे जाने वाले राहुल द्रविड़ विश्व के महान बल्लेबाजों में से एक थे। 164 टेस्ट मैचों 36 सतक के साथ राहुल द्रविड़ ने 13288 ‘रन बनाये हैं लेकिन बाद में उनके कुछ मैचों में ख़राब फॉर्म के चलते क्रिकेट से सन्यास लेना पड़ा। 2012 के ऑस्ट्रेलिया टूर में अच्छा प्रदर्शन न कर पाने के बाद द्रविड़ ने अचानक सन्यास की घोसणा कर सभी फैंस को सोच में दाल दिया।

वीवीएस लक्ष्मण

ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ 281 रनों की शानदार पारी खेलने वाले लक्षमण ने भी खराब फॉर्म के चलते जल्दी ही रिटायरमेंट ले लिया था। लक्ष्मण का पूरा नाम है VVS लक्षमण। VVS का मतलब है वेरी-वेरी स्पेशल। यह उपाधि उन्हें इसी वजह से मिली थी क्योंकि वह एक स्पेशल खिलाड़ी थे।

इन्हें भी काफी समय तक भारतीय टीम से दूर रखा गया क्योंकि इनकी फॉर्म खराब चल रही थी। एक दिन अचानक से इन्होने क्रिकेट को अलविदा कह दिया।