KL Rahul

इन 3 खूबियों के चलते भविष्य में अच्छा कप्तान बनने की काबिलियत रखते हैं केएल राहुल

केएल राहुल (KL Rahul) इस समय भारत और ज़िम्बाम्ब्वे के बीच चल रही ओडीआई सीरीज की अगुवाई कर रहे हैं। टीम इंडिया के नियमित कप्तान रोहित शर्मा (Rohit Sharma) आराम कर रहे हैं जिसकी वजह से कप्तानी की जिम्मेदारी केएल राहुल को दी गयी है। ज़िम्बाम्बे के खिलाफ खेले गए पहले और दूसरे मैच में केएल राहुल की टीम ने भारी जीत दर्ज़ की है। भारत ने सीरीज पर भी कब्ज़ा कर लिया है और केएल राहुल के लिए कप्तान के रूप में यह पहली जीत है।

आपको बता दें की इससे पहले केएल राहुल ने भारत के लिए कुल चार मैचों में कप्तानी की थी और भारत चारो मैच हार गया था। केएल राहुल ने कप्तान के रूप में पहला मैच 2022 में ही साउथ अफ्रीका के खिलाफ खेला था। यह एक टेस्ट मैच था और इसमें भारत सात विकेट से हारा था। राहुल ने ज़िम्बाम्ब्वे से पहले तीन और ओडीआई मैचों में भारत का प्रतिनिधित्व किया था और वह तीनो मैच भी हम हार गए थे।

साउथ अफ्रीका के खिलाफ ही पहले ओडीआई मैच में भारत 31 रनों से हार गया था, दूसरे में सात विकेट से टाई हुआ था और तीसरे में भारत चार रनों से चूक गया था। अगर आईपीएल की बात करें तो भी इनका रिकॉर्ड ठीक नहीं रहा है इन्होने कप्तानी करते हुए कुल 42 मैच खेले हैं जिनमें से इन्हें 21 मैचों में सफलता मिली है।

खैर ये तो पुरानी बातें हो गयी हैं। अब केएल राहुल की जीत का सिलसिला शुरू हुआ है, अगर इनकी कप्तानी ऐसी ही रहती है तो बहुत जल्द रोहित शर्मा के बाद इन्हें भारतीय टीम का नियमित कप्तान बनाया जा सकता है। इनकी तीन ऐसी खूबियां जो इस बात को सपोर्ट करती हैं।

गेंदबाज़ों को देते हैं आज़ादी

केएल राहुल गेंदबाज़ों को भरपूर आज़ादी देते हैं, गेंदबाज़ पर भरोसा जताते हैं जिसकी वजह से वह खिलाड़ी कम दबाव महसूस करता है और अच्छा परफॉर्म करता है। मोहम्मद सिराज ने भी हाल ही में कहा था कि केएल राहुल गेंदबाज़ों को बहुत आज़ादी देते हैं। उनकी कप्तानी में ड्रेसिंग रूम का माहौल बहुत ही अच्छा रहता है।

खुद से पहले टीम महत्वपूर्ण

खुद से पहले राहुल टीम को महत्त्व देते हैं। हाल ही में जिम्बाम्वे के खिलाफ खेले गए पहले मैच में राहुल ने खुद को ओपनिंग से दूर रख कर शुभमन गिल और शिखर धवन से ओपनिंग करवाई थी। जब की उन्हें इसकी सख्त जरूरत थी। वो काफी समय से भारतीय टीम से दूर चल रहे थे यदि वह खुद मैच में ओपनिंग करते तो उनके लिए ही फायदा होता क्योंकि वह एशिया कप के लिए अभ्यास कर सकते थे। लेकिन उन्होंने खुद की भलाई को न देखते हुए शुभमन को मौका दिया।

बेहतरीन ऑन-फील्ड निर्णय

केएल राहुल मैदान में सही फैसले लेने के लिए जाने जाते हैं। वह बहुत ही शांत किस्म के खिलाड़ी हैं। श्रेयस अय्यर ने एक बार कहा था कि, ‘मुझे केएल राहुल की कप्तानी में खेलना बेहद ही पसंद है। टीम मीटिंग और फील्ड में जो वह कॉन्फिडेंस दिखाते हैं वह लाजवाब है, वह बहुत ही कॉम हैं और मैदान में फैसला लेने की काबिलियत भी उनकी अच्छी है। उन्होंने मुझे तीन ओवर फेंकने के लिए दिए, ऐसा पहले किसी दूरसे कप्तान ने नहीं किया है।’